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Lincoln Pharmaceuticals का Q2 FY26 नेट प्रॉफिट ₹20.01 करोड़, अगले तीन वर्षों में ₹1,000 करोड़ राजस्व का लक्ष्य

अहमदाबाद (गुजरात). अग्रणी हेल्थकेयर कंपनी Lincoln Pharmaceuticals Limited (BSE: 531633, NSE: LINCOLN) ने Q2 FY2025-26 के लिए ₹20.01 करोड़ का कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट दर्ज किया है, जो पिछले वर्ष की समान तिमाही (Q2 FY25) में ₹26.35 करोड़ था। कंपनी की कुल आय ₹170.60 करोड़ रही, जो पिछले वर्ष की समान अवधि के ₹171.19 करोड़ के लगभग बराबर है। इस तिमाही में कंपनी का EBITDA ₹32.66 करोड़ रहा, जबकि Q2 FY25 में यह ₹38.35 करोड़ था।

कंपनी के 31वें वार्षिक आम सभा (AGM) में ₹1.80 प्रति शेयर (18%) का डिविडेंड FY25 के लिए स्वीकृत किया गया।

कंपनी ने अगले तीन वर्षों में ₹1,000 करोड़ का राजस्व लक्ष्य निर्धारित किया है, जिसे वह कार्डियक, डायबिटिक, डर्मेटोलॉजी और ENT जैसे उच्च-मूल्य वाले उत्पादों के विस्तार और नए बाजारों में प्रवेश के माध्यम से हासिल करना चाहती है। यह रणनीति 15–18% वार्षिक वृद्धि दर पर आधारित है।

30 सितम्बर 2025 तक Foreign Institutional Investors (FIIs) की हिस्सेदारी बढ़कर 4.73% हो गई है, जो निवेशकों के विश्वास को दर्शाती है।

H1 FY26 प्रमुख वित्तीय प्रदर्शन:

  • नेट प्रॉफिट (H1 FY26): ₹47.71 करोड़ (H1 FY25: ₹50.03 करोड़)
  • कुल आय (H1 FY26): ₹339.93 करोड़ (H1 FY25: ₹328.88 करोड़)
  • EBITDA: ₹71.74 करोड़ (H1 FY25: ₹71.50 करोड़)
  • EPS: ₹23.79 प्रति शेयर

Lincoln Pharmaceuticals Limited के मैनेजिंग डायरेक्टर, महेंद्र पटेल ने कहा,

“हम लगातार टिकाऊ विकास और वैल्यू क्रिएशन पर ध्यान केंद्रित कर रहे हैं। हमारे सभी बिजनेस वर्टिकल्स में मजबूत प्रदर्शन हमें अगले तीन वर्षों में ₹1,000 करोड़ के लक्ष्य की ओर अग्रसर कर रहा है। नए बाजारों में विस्तार, बल्क ड्रग और सेफालोस्पोरिन प्लांट का कमीशनिंग हमारी उत्पादन क्षमता और एक्सपोर्ट संभावनाओं को और मजबूत करेगा। कंपनी की डेब्ट-फ्री बैलेंस शीट और मजबूत R&D हमें 15–18% वार्षिक वृद्धि बनाए रखने में सक्षम बनाएगी।”

कंपनी की ग्रोथ स्ट्रेटेजी में शामिल हैं:

  • ग्लोबल फुटप्रिंट का विस्तार: वर्तमान में 60+ देशों में निर्यात; लक्ष्य 2–3 वर्षों में 90 देशों तक विस्तार।
  • नए प्रोडक्ट्स का रजिस्ट्रेशन और एक्सपोर्ट विस्तार।
  • उन्नत विनिर्माण संयंत्र: अहमदाबाद के खत्राज में स्थित यूनिट को EUGMP, TGA, WHO-GMP, ISO-9001:2015, ISO-14001:2015, ISO-45001:2018 जैसे अंतरराष्ट्रीय प्रमाणन प्राप्त हैं।
  • नवाचार पर फोकस: कंपनी ने 600+ फॉर्मुलेशन्स, 1,700 से अधिक रजिस्टर्ड प्रोडक्ट्स, 700 नए विकासाधीन प्रोडक्ट्स तैयार किए हैं और अब तक 25+ पेटेंट फाइल कर सात पेटेंट प्राप्त किए हैं।

कंपनी अब वूमेन्स हेल्थकेयर, लाइफस्टाइल और क्रॉनिक सेगमेंट्स पर ध्यान केंद्रित कर रही है, ताकि भारतीय और वैश्विक बाजार में अपनी स्थिति और मजबूत बना सके।

 

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