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हिल्टन मेटल रेलवे फोर्ज्ड वैगन व्हील पर ध्यान केंद्रित करेगी


मुंबई (महाराष्ट्र). स्टील फोर्जिंग उद्योग में कार्यरत प्रमुख निर्माता और वितरक हिल्टन मेटल फोर्जिंग लिमिटेड रेलवे फोर्ज्ड वैगन व्हील, फ्लैंज, फिटिंग और ऑयलफील्ड और मरीन प्रोडक्ट्स जैसे उत्पादों में विशेषज्ञता रखती है। कंपनी ने रेलवे फोर्ज्ड वैगन व्हील के बड़े कारोबार पर ध्यान केंद्रित करने की योजना बनाई है। उल्लेखनीय है कि कंपनी ने सालाना 48,000 व्हील्स बनाने की क्षमता स्थापित की है और इसका लक्ष्य प्रतिस्थापन बाजार में बढ़ती मांग को पूरा करना है। कंपनी निकट भविष्य में टेंडर के माध्यम से बड़े रेलवे फोर्ज्ड वैगन व्हील ऑर्डर हासिल होने उम्मीद भी कर रही है। कंपनी देश में विभिन्न भारतीय रेलवे वर्कशॉप्स में प्रतिस्थापन बाजार के लिए रेलवे फोर्ज्ड वैगन व्हील की आपूर्ति करती है।कंपनी ने टरबाइन ब्लेड के निर्माण और फोर्ज्ड वैगन व्हील्स के उत्पादन के साथ रेलवे उद्योग में प्रवेश करके अपने पोर्टफोलियो का सफलतापूर्वक विस्तार किया है। कंपनी के पास महाराष्ट्र के वाडा में 5 एकड़ में फैली निर्माण इकाई में एक ही छत के नीचे फोर्जिंग, मशीनिंग, हीट ट्रीटमेंट और लैब परीक्षण की पूरी इन-हाउस सुविधा है। निदेशक मंडल ने गर्व से घोषणा की कि कंपनी ने भारतीय रेलवे के लिए रेलवे व्हील्स का सफलतापूर्वक विकास व आपूर्ति की है और स्वदेशी रेलवे फोर्ज्ड वैगन व्हील का उत्पादन करने वाली पहली भारतीय एमएसएमई कंपनी होने का गौरव हासिल किया है। कंपनी अब वैश्विक टेंडर्स में भाग लेने के लिए पात्र है। उल्लेखनीय है कि ज्यूपिटर वैगन्स ने ट्रायल ऑर्डर के रूप में हिल्टन मेटल फोर्जिंग लिमिटेड को 250 फोर्ज्ड वैगन व्हील सेट का ऑर्डर दिया है। शुरुआती 250 सेटों की सफल आपूर्ति के बाद ज्यूपिटर वैगन्स ने सालाना 6000 फोर्ज्ड वैगन व्हील सेट की खरीद के लिए एक आशय पत्र (एलओआई) जारी किया है, जो बाजार में कंपनी की बढ़ती पहचान और क्षमता को दर्शाता है। इसके अतिरिक्त, हिल्टन मेटल फोर्जिंग लिमिटेड फोर्ज्ड वैगन व्हील सेट के लिए संभावित ग्राहकों के रूप में अन्य वैगन विनिर्माण ओईएम की पहचान भी करता है, जिससे कंपनी की बढ़ती बाजार पहुंच और रेलवे उद्योग में आशाजनक भविष्य का संकेत मिलता है। कंपनी ने पिछले कुछ वर्षों में परिचालन स्तर पर असाधारण वित्तीय प्रदर्शन दर्ज किया है। वित्त वर्ष 2023 में कंपनी का शुद्ध लाभ वित्त वर्ष 2022 में दर्ज शुद्ध लाभ 1.76 करोड़ रुपए के मुकाबले करीब तीन गुना की वृद्धि के साथ 5.85 करोड़ रुपये दर्ज किया गया। इसी प्रकार वित्त वर्ष 2023 में कंपनी का राजस्व वित्त वर्ष 2022 में दर्ज 84.2 करोड़ रुपए के मुकाबले करीब 25 फ़ीसदी बढ़कर 105.4 करोड़ रुपये दर्ज किया गया।

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