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Major action against illegal mining of gypsum in Balotra

बालोतरा में जिप्सम के अवैध खनन पर बड़ी कार्रवाई

36 परमिट किए निरस्त, 31 परमिट धारकों को नोटिस जारी; 3 मीटर की स्वीकृति के मुकाबले 16 से 17 मीटर तक खनन मिला

बालोतरा। जिले में जिप्सम के अवैध और नियम विरुद्ध खनन के खिलाफ खनन विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है। विभाग की जांच में स्वीकृत सीमा से कई गुना अधिक गहराई तक खनन किए जाने का मामला सामने आया। इसके बाद विभाग ने अलग-अलग क्षेत्रों में जारी किए गए 36 खनन परमिट निरस्त कर दिए, जबकि 31 परमिट धारकों को नोटिस जारी किए गए हैं।

जानकारी के अनुसार, यह कार्रवाई अधिवक्ता सुमरेलाल शर्मा की शिकायत के बाद की गई जांच के आधार पर हुई। शिकायत में क्षेत्र में लंबे समय से जिप्सम के अवैध खनन और स्वीकृत सीमा से अधिक गहराई तक खनन किए जाने की शिकायत की गई थी। शिकायत के बाद खनन विभाग की टीम ने संबंधित क्षेत्रों में जांच की।

जांच के दौरान कई स्थानों पर निर्धारित नियमों का उल्लंघन सामने आया। जिन स्थानों पर करीब 3 मीटर तक खनन की स्वीकृति थी, वहां मौके पर 16 से 17 मीटर तक गहराई में खनन पाया गया। स्वीकृत सीमा से इतनी अधिक गहराई तक खनन मिलने के बाद विभाग ने संबंधित परमिटों के खिलाफ कार्रवाई शुरू की।

विभाग की कार्रवाई में भीमरलाई के 13 परमिट, वजावास के 12 परमिट, खार की ढाणी के 3 परमिट, मेकरना के 3 परमिट, सिणली जागीर का 1 परमिट, रिकरलाई का 1 परमिट और भीमरलाई गांव के 3 परमिट निरस्त किए गए हैं। इस तरह कुल 36 परमिटों को निरस्त किया गया है।

इसके अलावा विभाग ने 31 परमिट धारकों को नोटिस जारी कर उनसे नियम विरुद्ध खनन के संबंध में जवाब मांगा है। विभागीय जांच में सामने आए तथ्यों के आधार पर आगे भी कार्रवाई किए जाने की संभावना है।

लंबे समय से चल रहा था खनन

क्षेत्र में जिप्सम के अवैध खनन की शिकायतें लंबे समय से सामने आती रही हैं। आरोप है कि स्वीकृत परमिट की आड़ में कई स्थानों पर निर्धारित सीमा से अधिक गहराई तक खनन किया जा रहा था। इससे न केवल खनन नियमों का उल्लंघन हो रहा था, बल्कि सरकारी राजस्व को भी नुकसान पहुंचने की आशंका थी।

जांच के दौरान स्वीकृत 3 मीटर की गहराई के मुकाबले 16-17 मीटर तक खनन मिलना विभाग के लिए भी गंभीर मामला माना जा रहा है। अब निरस्त किए गए परमिटों और नोटिस जारी किए गए परमिट धारकों के संबंध में विभाग आगे की प्रक्रिया पूरी करेगा।

स्थानीय स्तर पर भी लंबे समय से अवैध खनन पर रोक लगाने की मांग उठती रही है। विभाग की इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र में जिप्सम खनन से जुड़े अन्य परमिटों की भी जांच होने की संभावना जताई जा रही है। अधिकारियों की ओर से नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर आगे भी सख्त कार्रवाई करने की बात कही गई है।

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