मंगलवार, अगस्त 11 2026 | 06:50:02 PM
Breaking News
Home / बाजार / पिटाई के बाद अब महंगे नहीं हैं मिडकैप शेयर

पिटाई के बाद अब महंगे नहीं हैं मिडकैप शेयर

जयपुर. बीते एक साल में सिर्फ निडर निवेशकों ने ही मिडकैप शेयरों पर दांव खेलने की हिम्मत दिखाई होगी। कार्पोरेट गवर्नेंस के आरोपों और कमाई में ग्रोथ के लिए जूझ रही मिडकैप कंपनियों के शेयरों ने निवेशकों को कई जख्म दिए। इस दौरान उनकी रेटिंग में भी गिरावट आई। पिछले साल जनवरी में शिखर पर पहुंचने के बाद मिडकैप शेयर बेहताशा टूटे। एक साल बाद बाजार संभलता दिख रहा है। ऐसे में मिडकैप शेयर निवेशकों को फिर आकर्षित कर रहे हैं। इसकी सबसे बड़ी वजह यह है कि उनकी वैल्यूएशन घटी है। इसका अर्थ यह है कि मिडकैप शेयर अब महंगे नहीं हैं। निफ्टी मिडकैप  100 और निफ्टी 50 इंडेक्स के बीच वैल्यूएशन के मामले में अंतर मई 2014 के बाद पहली दफा डिस्काउंट के स्तर पर पहुंचा है। निफ्टी मिडकैप 100 इंडेक्स निफ्टी 50 इंडेक्स के मुकाबले 8 फीसदी के डिस्काउंट पर कारोबार कर रहा है। इसका प्राइस टू अर्निंग अनुपात 15.85 गुना है, जो 10 साल की लंबी अवधि के औसत से काफी कम है। ब्लूमबर्ग के आंकड़ों के अनुसार साल 2020 तक निफ्टी मिडकैप 100 इंडेक्स की अनुमानित ग्रोथ दर 23 फीसदी मानी जा रही है।

Check Also

HDFC Bank and Marwari University sign MoU in a major step towards preparing future banking leaders

फ्यूचर बैंकिंग लीडर्स तैयार करने की दिशा में बड़ा कदम, HDFC बैंक और मारवाड़ी यूनिवर्सिटी के बीच एमओयू

राजकोट. HDFC बैंक लिमिटेड ने छात्रों के लिए मारवाड़ी यूनिवर्सिटी के साथ एमओयू  (MoU) पर हस्ताक्षर …

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *